Deprecated: Function WP_Dependencies->add_data() was called with an argument that is deprecated since version 6.9.0! IE conditional comments are ignored by all supported browsers. in /home/u141101890/domains/alam-e-tasveer.com/public_html/wp-includes/functions.php on line 6131

धामी सरकार का बड़ा फैसला: सरकारी कार्यालयों में अब ‘डिजिटल पास’ से मिलेगा प्रवेश।

उत्तराखंड सरकार ने प्रदेश के सरकारी कार्यालयों की गरिमा और अधिकारियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए कड़े सुरक्षा मानक लागू कर दिए हैं। शिक्षा निदेशक के साथ हुई मारपीट की घटना को गंभीरता से लेते हुए शासन ने नई SOP जारी की है, जिसके तहत अब सरकारी दफ्तरों में बिना पूर्व अनुमति या अपॉइंटमेंट के प्रवेश करना नामुमकिन होगा।

नई SOP की 5 मुख्य बातें: अब ऐसे होगी एंट्री

  1. डिजिटल विजिटर मैनेजमेंट: सभी प्रमुख कार्यालयों के प्रवेश द्वार पर अब डिजिटल रिकॉर्ड रखा जाएगा। आगंतुक को अपना नाम, पता और मिलने का उद्देश्य दर्ज कराना होगा।

  2. अपॉइंटमेंट अनिवार्य: किसी भी अधिकारी से मिलने के लिए अब पहले से समय (Appointment) लेना होगा। बिना अनुमति के दफ्तर के भीतर जाने पर पूर्ण प्रतिबंध रहेगा।

  3. भीड़ पर नियंत्रण: अधिकारी के कक्ष में एक समय में केवल दो व्यक्ति ही प्रवेश कर सकेंगे। निर्वाचित जनप्रतिनिधियों के साथ भी अधिकतम तीन लोग ही जा पाएंगे।

  4. सुरक्षाकर्मियों पर रोक: वीआईपी (VIPs) के साथ आने वाले गनर या सुरक्षाकर्मी अब अधिकारी के केबिन तक नहीं जा सकेंगे। उन्हें बाहर ही रुकना होगा।

  5. हथियार और ज्वलनशील पदार्थ वर्जित: लाठी-डंडा, हथियार या किसी भी प्रकार का खतरनाक सामान दफ्तर परिसर में ले जाना अपराध की श्रेणी में आएगा।

सुरक्षा के आधुनिक इंतजाम: अलार्म और तत्काल FIR

सरकार ने स्पष्ट किया है कि यदि कोई व्यक्ति दफ्तर में दुर्व्यवहार, अभद्र भाषा या धमकी का प्रयोग करता है, तो उसके खिलाफ बिना देरी किए तत्काल मुकदमा दर्ज किया जाएगा। आपात स्थिति से निपटने के लिए कार्यालयों में अलार्म सिस्टम भी लगाए जाएंगे, ताकि सुरक्षा कर्मियों को तुरंत सतर्क किया जा सके।

क्यों पड़ी इस सख्त फैसले की जरूरत?

हाल ही में शिक्षा निदेशालय में एक अधिकारी के साथ सरेआम हुई मारपीट ने पूरे प्रशासनिक तंत्र को हिलाकर रख दिया था। कर्मचारी संगठनों ने सुरक्षा की मांग को लेकर कार्यबहिष्कार की चेतावनी दी थी, जिसके बाद मुख्यमंत्री धामी ने सचिवालय से लेकर ब्लॉक स्तर तक के दफ्तरों के लिए एक समान सुरक्षा प्रोटोकॉल तैयार करने के निर्देश दिए थे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *