Deprecated: Function WP_Dependencies->add_data() was called with an argument that is deprecated since version 6.9.0! IE conditional comments are ignored by all supported browsers. in /home/u141101890/domains/alam-e-tasveer.com/public_html/wp-includes/functions.php on line 6131

राजगीर महोत्सव का उद्घाटन, मंत्री बोले- हिमालय से भी पुरानी हैं राजगीर की पहाड़ियां

तीन दिवसीय राजगीर महोत्सव का शुभारंभ हो चुका है। ग्रामीण विकास मंत्री श्रवण कुमार, स्थानीय सांसद कौशलेंद्र कुमार, विधान पार्षद श्रीमती रीना यादव, राजगीर विधानसभा सदस्य कौशल किशोर, अस्थावां विधायक डॉ जितेंद्र कुमार सहित अन्य जनप्रतिनिधियों ने राजगीर महोत्सव का शुभारंभ किया। यह महोत्सव 23 दिसंबर तक चलेगा। इस मौके पर मंत्री श्रवण कुमार ने कहा कि राजगीर महोत्सव का इतिहास समृद्ध रहा है। यहां की पहाड़ियों का इतिहास हिमालय से भी पुराना है। यहां की धार्मिक परंपराओं को बढ़ावा देने हेतु 1986 से राजगीर महोत्सव का आयोजन हो रहा है। यह महोत्सव स्थानीय विशिष्टताओं को अनुभव करने का एक मौका भी है।

पर्यटन विभाग द्वारा की गई व्यवस्थाओं को मंत्री ने उत्कृष्ट बताते हुए कहा कि यह महोत्सव यहां पर्यटकों की संख्या बढ़ाने में कारगर साबित हो रहा है। उन्होंने आगे कहा कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार लगातार राजगीर में बेहतर सुविधाओं का प्रसार कर रहे हैं, जिससे राजगीर वैश्विक पर्यटन स्थल बनने की ओर अग्रसर है। यहां अभी थोड़े समय पूर्व ही अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर हॉकी चैंपियनशिप का आयोजन किया गया। आगे क्रिकेट मैच भी होंगे। अभी हजारों की संख्या में राज्य में खेल मैदान का निर्माण किया जाएगा। यहां पर सरकार के विभिन्न विभागों ने भी स्टॉल लगाए हैं, जिसे लोग देख सकते हैं। उन्हें योजनाओं की पूरी जानकारी मिलेगी।

सांसद कौशलेंद्र कुमार ने कहा कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने राजगीर के द्वापर काल से पुराने इतिहास को फिर से जीवित करने का काम किया है। राजगीर में भागीरथी प्रयास से गंगा जल को उन्होंने यहां लाया। जू और नेचर सफारी की शुरुआत यहां हुई। यहां हवाई अड्डा, फाइव स्टार होटल भी निर्माण की घोषणा मुख्यमंत्री ने की है।  नीय विधायक श्री कौशल किशोर ने बताया कि पर्यटकों की बढ़ती संख्या बताती है कि सरकार यहां के पर्यटकीय विकास की दिशा में कार्यरत है। कार्यक्रम में अस्थावां के विधायक ने कहा कि राजगीर में सभी धर्मों के अनुयायी ही नहीं प्रवर्तक भी आये हैं। उनके बताए मार्गों पर चलें तो समाज मे कहीं कोई कटुता का स्थान नहीं रहेगा। उनके अतिरिक्त अन्य अतिथियों ने भी कार्यक्रम को संबोधित किया।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *