बहुजन समाज पार्टी (बसपा) ने उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव की तैयारियां तेज कर दी हैं। पार्टी की राष्ट्रीय अध्यक्ष मायावती ने कहा है कि अब तक लगभग 25 विधानसभा सीटों पर उम्मीदवारों का चयन कर लिया गया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि शेष सीटों पर भी उम्मीदवारों का चयन चरणबद्ध तरीके से किया जाएगा और अंतिम निर्णय स्वयं उनके द्वारा लिया जाएगा। मायावती ने अपने आधिकारिक सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर जानकारी देते हुए बताया कि चुनावी तैयारियों के तहत लखनऊ स्थित प्रदेश कार्यालय में कई महत्वपूर्ण बैठकें आयोजित की गई हैं। इन बैठकों में प्रदेश और मंडल स्तर के पदाधिकारियों के साथ संगठन की स्थिति की समीक्षा की गई तथा उम्मीदवार चयन की प्रक्रिया को लेकर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। उन्होंने बताया कि उम्मीदवारों के चयन के लिए साक्षात्कार की प्रक्रिया अपनाई गई, जिसके आधार पर अब तक लगभग दो दर्जन से अधिक उम्मीदवारों के नाम तय किए जा चुके हैं। उन्होंने दोहराया कि उत्तर प्रदेश ही नहीं, बल्कि देश के किसी भी विधानसभा या लोकसभा चुनाव में उम्मीदवारों के नामों को अंतिम मंजूरी वही देती हैं।
मायावती ने पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक आकाश आनंद को लेकर चल रही चर्चाओं पर भी सफाई दी। उन्होंने कहा कि सोशल मीडिया और कुछ अन्य माध्यमों में यह भ्रम फैलाया जा रहा है कि उम्मीदवारों के चयन की जिम्मेदारी आकाश आनंद को सौंप दी गई है, जबकि इसमें कोई सच्चाई नहीं है। उन्होंने कहा कि उम्मीदवारों का अंतिम फैसला हमेशा पार्टी अध्यक्ष के स्तर पर ही होता है। बसपा प्रमुख ने बताया कि जिन सीटों पर उम्मीदवारों का चयन पूरा हो चुका है, वहां उनकी अनुमति से पार्टी के वरिष्ठ नेता छोटी और बड़ी जनसभाओं के माध्यम से उम्मीदवारों की घोषणा कर रहे हैं। इसी क्रम में आकाश आनंद भी कुछ स्थानों पर जनसभाएं करेंगे और पार्टी प्रत्याशियों की घोषणा करेंगे। उन्होंने कहा कि पिछले एक वर्ष से आकाश आनंद को विभिन्न राज्यों में संगठनात्मक समीक्षा बैठकों और जनसभाओं की जिम्मेदारी दी जा रही है। उनका उद्देश्य संगठन को मजबूत करना और कार्यकर्ताओं के बीच समन्वय बढ़ाना है। उन्होंने यह भी याद दिलाया कि कांशीराम की पुण्यतिथि पर आयोजित महारैली में भी आकाश आनंद को संबोधित करने का अवसर दिया गया था। मायावती ने कार्यकर्ताओं से अपील की कि वे सोशल मीडिया पर फैलाए जा रहे भ्रामक प्रचार और अफवाहों से सावधान रहें। उन्होंने कहा कि आकाश आनंद पार्टी के अन्य वरिष्ठ नेताओं की तरह उनके निर्देशन में संगठनात्मक जिम्मेदारियां निभा रहे हैं और पार्टी में अनुशासन तथा नेतृत्व की प्रक्रिया पहले की तरह ही जारी रहेगी। उत्तर प्रदेश की 403 विधानसभा सीटों पर होने वाले आगामी चुनाव को देखते हुए बसपा संगठन को मजबूत करने, उम्मीदवार चयन और जनसंपर्क अभियान पर विशेष ध्यान दे रही है। पार्टी नेतृत्व का कहना है कि मजबूत संगठन और सुनियोजित रणनीति के साथ चुनाव मैदान में उतरने की तैयारी की जा रही है।