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सूबे में खाद्य तेलों में मिलावट के खिलाफ खाद्य संरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग द्वारा प्रदेशव्यापी अभियान चलाया जायेगा।

सूबे में खाद्य तेलों में मिलावट के खिलाफ खाद्य संरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग द्वारा प्रदेशव्यापी अभियान चलाया जायेगा। यह अभियान भारतीय खाद्य संरक्षा एवं मानक प्राधिकरण (एफएसएसएआई) के अंतर्गत पैन इण्डिया कार्यक्रम के तहत संचालित किया जायेगा। जिसकी शुरुआत प्रदेशभर में आगामी एक अगस्त से की जाएगी। एक पखवाड़े तक संचालित इस अभियान के तहत राज्यभर से खाद्य तेलों के नमूने एकत्रित किये जायेंगे, जिन्हें जांच के लिये भेजा जायेगा। विभागीय जांच के उपंरात इकट्ठा किये गये खाद्य तेल के सैंपल रिपोर्ट सार्वजनिक की जायेगी। खाद्य पदार्थों में बढ़ती मिलावटखोरी को देखते हुये विभागीय अधिकारियों को सूबे में खाद्य पदार्थों की सैपलिंग एवं टेस्टिंग बढ़ाने के निर्देश दे दिये गये हैं।
सूबे स्वास्थ्य मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने बताया कि खाद्य तेलों में मिलावटखोरी रोकने के उद्देश्य से भारतीय खाद्य संरक्षा एवं मानक प्राधिकरण द्वारा संचालित पैन इण्डिया कार्यक्रम के तहत प्रदेशभर में विशेष अभियान चलाया जायेगा। डॉ. रावत ने बताया कि आगामी एक अगस्त से इस विशेष अभियान की शुरूआत की जायेगी, जिसे प्रदेशभर में पखवाड़े भर संचालित किया जायेगा, जिसके निर्देश विभागीय अधिकारियों को दे दिये गये हैं। स्वास्थ्य मंत्री ने बताया कि प्रदेशव्यापी इस अभियान के अंतर्गत स्थानीय एवं ब्रांडेड खाद्य तेलों के नमूनों को एकत्रित किया जायेगा, जिसके बाद विभाग द्वारा इकट्ठा किये गये खाद्य तेल के नमूनों की जांच की जायेगी। डॉ0 रावत ने बताया कि जांच में आर्जिमोन ऑयल, मिनरल ऑयल के अलावा खाद्य तेलों के लिये निर्धारित मानकों का गहन विश्लेषण किया जायेगा, इसके साथ ही खाद्य तेल में इस्तेमाल ट्रांस फैट की मात्रा की भी जांच की जायेगी। डॉ0 रावत ने बताया जांच के लिये एकत्रित खाद्य तेल के नमूनों की रिपोर्ट सार्वजनिक की जायेगी ताकि लोगों को पता चल सके कि जिस तेल का इस्तेमाल वह अपने आहार में कर रहे हैं वह कितना शुद्ध और सुरक्षित है। उन्होंने कहा कि खाद्य पदार्थों में मिलावटखोरी रोकने के लिये विभागीय अधिकारियों को खाद्य पदार्थों की सैंपलिंग एवं टेस्टिंग बढ़ाने के निर्देश दिये गये हैं। इसके साथ ही शुद्ध, सुरक्षित एवं पौष्टिक आहार के प्रति लोगों को जागरूक करने के लिये अधिकारियों को समय-समय पर जन जागरूकता अभियान संचालित करने को कहा गया है। खाद्य तेल के बार-बार प्रयोग में लाने से होने वाले खतरों के प्रति भी लोगों को सचेत करने को कहा गया है। डॉ रावत ने कहा खाद्य पदार्थों में मिलावटखोरी के खिलाफ सघन अभियान चलाये जायेंगे।

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