टिहरी गढ़वाल के भद्रकाली चेक पोस्ट पर परिवहन विभाग की चेकिंग के दौरान एक बड़ा खुलासा हुआ। विभाग की टीम ने हरियाणा नंबर की एक बस को भारी ओवरलोडिंग में पकड़ा। बताया जा रहा है कि 42 सीटों वाली इस बस में 60 से अधिक यात्रियों को बैठाकर ले जाया जा रहा था। बस के अंदर की स्थिति देखकर परिवहन विभाग के अधिकारी और कर्मचारी भी हैरान रह गए। चेकिंग के दौरान सामने आए वीडियो में साफ दिखाई दे रहा है कि बस के अंदर यात्रियों को सीटों के अलावा गियर बॉक्स, फर्श और अन्य खाली जगहों पर भी बैठाया गया था। हालत ऐसी थी कि बस के भीतर खड़े होने तक की जगह नहीं बची थी। यात्रियों की सुरक्षा को नजरअंदाज कर अधिक कमाई के लालच में इस तरह यात्रियों को ठूंस-ठूंस कर भरना गंभीर लापरवाही माना जा रहा है।
बताया जा रहा है कि पकड़ी गई बस का नंबर HR 56 96783 है, जो हरियाणा में पंजीकृत है। अब सबसे बड़ा सवाल यह उठ रहा है कि इतनी ओवरलोड बस हरियाणा से उत्तराखंड के पर्वतीय क्षेत्र टिहरी गढ़वाल तक आखिर बिना कार्रवाई के कैसे पहुंच गई। रास्ते में पड़ने वाले अन्य चेक पोस्टों और जांच एजेंसियों की कार्यप्रणाली पर भी सवाल खड़े हो रहे हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि पहाड़ी इलाकों में ओवरलोड वाहन बेहद खतरनाक साबित हो सकते हैं। अधिक वजन होने से ब्रेक फेल होने, वाहन का संतुलन बिगड़ने और बड़े सड़क हादसे होने का खतरा कई गुना बढ़ जाता है। उत्तराखंड के पर्वतीय मार्गों पर पहले भी कई दर्दनाक सड़क दुर्घटनाएं हो चुकी हैं, इसके बावजूद नियमों की अनदेखी चिंता का विषय बनी हुई है। फिलहाल परिवहन विभाग ने बस के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई शुरू कर दी है। वहीं वायरल वीडियो के बाद सोशल मीडिया पर लोग सख्त कार्रवाई की मांग कर रहे हैं और सवाल उठा रहे हैं कि यात्रियों की सुरक्षा के साथ आखिर कब तक इस तरह खिलवाड़ होता रहेगा।