पंजाब में आतंकी साजिश नाकाम, चार नाबालिग समेत नौ आरोपी गिरफ्तार – Alam E Tasveer
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पंजाब में आतंकी साजिश नाकाम, चार नाबालिग समेत नौ आरोपी गिरफ्तार

अमृतसर कमिश्नरेट पुलिस ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी आईएसआई से कथित रूप से जुड़े दो सीमा पार आतंकी मॉड्यूल का भंडाफोड़ करने का दावा किया है। इस कार्रवाई में चार नाबालिगों सहित कुल नौ आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस का कहना है कि शुरुआती जांच में कई महत्वपूर्ण सुराग मिले हैं और पूरे नेटवर्क की गहराई से जांच की जा रही है। पुलिस ने गिरफ्तार आरोपियों के कब्जे से तीन अवैध पिस्तौल, चार पेट्रोल बम और नौ जिंदा कारतूस बरामद किए हैं। अधिकारियों के अनुसार बरामद हथियारों और अन्य सामग्री की फॉरेंसिक जांच कराई जा रही है ताकि इनके इस्तेमाल और स्रोत के बारे में विस्तृत जानकारी जुटाई जा सके। प्रारंभिक पूछताछ में सामने आया है कि आरोपी विदेश में बैठे कथित आईएसआई हैंडलर्स के संपर्क में थे और उनके निर्देशों के अनुसार काम कर रहे थे। पुलिस का दावा है कि इस नेटवर्क का मकसद स्थानीय युवाओं को अपने साथ जोड़कर उन्हें गैरकानूनी और राष्ट्रविरोधी गतिविधियों के लिए इस्तेमाल करना था। जांच के दौरान यह भी पता चला है कि आरोपी सुरक्षा प्रतिष्ठानों और अन्य संवेदनशील स्थानों की रेकी कर रहे थे। पुलिस के अनुसार इन गतिविधियों के जरिए महत्वपूर्ण सूचनाएं एकत्र कर विदेश में बैठे कथित हैंडलर्स तक पहुंचाई जा रही थीं। सबसे अहम खुलासों में यह बात भी सामने आई है कि आरोपियों ने रेलवे ट्रैक के आसपास निगरानी के लिए सर्विलांस कैमरे लगाए थे।

पुलिस का दावा है कि इन कैमरों से रिकॉर्ड हुई फुटेज कथित तौर पर विदेश में मौजूद हैंडलर्स के साथ साझा की जा रही थी। जांच एजेंसियां इस पूरे डिजिटल नेटवर्क और तकनीकी उपकरणों की विस्तार से जांच कर रही हैं। मामले में अमृतसर के मोहकमपुरा, एयरपोर्ट और सी-डिवीजन थानों में अलग-अलग एफआईआर दर्ज की गई हैं। पुलिस गिरफ्तार आरोपियों से लगातार पूछताछ कर रही है ताकि इस नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की पहचान की जा सके और किसी भी संभावित साजिश का समय रहते खुलासा हो सके। जांच एजेंसियां आरोपियों के मोबाइल फोन, लैपटॉप और अन्य डिजिटल उपकरणों की भी जांच कर रही हैं। इसके अलावा विदेशी संपर्कों, ऑनलाइन संचार और संदिग्ध गतिविधियों से जुड़े इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं ताकि पूरे नेटवर्क की कड़ियों को जोड़ा जा सके। पुलिस अब इस पहलू की भी जांच कर रही है कि कथित आतंकी मॉड्यूल को विदेश से आर्थिक सहायता किस माध्यम से मिल रही थी। जांच में बैंकिंग चैनलों, डिजिटल लेन-देन और अन्य संभावित फंडिंग स्रोतों की भी पड़ताल की जा रही है। अधिकारियों का कहना है कि जांच आगे बढ़ने के साथ इस मामले में और भी महत्वपूर्ण खुलासे होने की संभावना है।

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